Thursday, January 31, 2019

कुंभ 2019: विश्व हिन्दू परिषद की धर्मसंसद में पहुंचे विश्व हिन्दू परिषद के प्रमुख मोहन भागवत

प्रयागराज कुंभ में आज से विश्व हिंदू परिषद की अगुवाई में होने वाली धर्म संसद से पहले सियासी एक्टिविटी तेज हो गई है. RSS प्रमुख मोहन भागवत विश्व हिन्दू परिषद की धर्म संसद में पहुंच गए हैं. धर्म संसद से पहले उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ गुरुवार सुबह मोहन भागवत से मिले. प्रयागराज में वीएचपी की दो-दिवसीय धर्मसंसद में देशभर से ढाई हजार साधु संतों के शामिल होने की उम्मीद है.

विश्व हिंदू परिषद की धर्मसभा में राम मंदिर पर विस्तार से चर्चा होगी. संघ प्रमुख मोहन भागवत धर्मसभा में अपनी राय रखेंगे. इसके अलावा नृत्यगोपाल दास समेत कई अन्य धार्मिक गुरु भी इसमें शामिल हो रहे हैं. गोरक्षा और गंगा पर भी मंथन होगा. बीएचपी की धर्मसंसद से पहले शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती की अध्यक्षता में हुई परम धर्म संसद ने मामले को और तेज कर दिया है. परम धर्मसंसद ने प्रयागराज कुंभ से बुधवार को राम मंदिर बनाने का ऐलान किया और कहा कि 21 फरवरी को साधु संत इसका शिलान्यास करेंगे.

कुंभ में द्वारका-शारदा पीठ के शंकराचार्य स्वरूपानंद सरस्वती की अगुवाई में चली तीन दिवसीय परम धर्म संसद ने बुधवार को धर्मादेश जारी कर अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए तारीख का ऐलान कर दिया. यह धर्मादेश प्रयागराज में ही विश्व हिंदू परिषद की अगुवाई में होने वाली धर्म संसद के एक दिन पहले आया है. वीएचपी की धर्म संसद से पहले जारी इस धर्मादेश से साधु-संतों के बीच राम मंदिर निर्माण को लेकर धर्मायुद्ध छिड़ने की संभावना है.

ज्योतिष पीठाधीश्वर स्वामी स्वरूपानंद सरस्वती ने कहा कि बसंत पंचमी के बाद हिंदू समाज अयोध्या के लिए प्रस्थान करे, ऐसी मेरी अपील है. धर्मादेश में कहा गया, 'सविनय अवज्ञा आंदोलन के प्रथम चरण में हिंदुओं की मनोकामना की पूर्ति के लिए यजुर्वेद, कृष्ण यजुर्वेद तथा शतपथ ब्राह्मण में बताए गए इष्टिका न्यास विधि सम्मत कराने के लिए 21 फरवरी, 2019 का शुभ मुहूर्त निकाला गया है.'

धर्मादेश में यह भी कहा गया कि, 'इसके लिए यदि हमें गोली भी खानी पड़ी या जेल भी जाना पड़े तो उसके लिए हम तैयार हैं। यदि हमारे इस कार्य में सत्ता के तीन अंगों में से किसी के द्वारा अवरोध डाला गया तो ऐसी स्थिति में संपूर्ण हिंदू जनता को यह धर्मादेश जारी करते हैं कि जब तक श्री रामजन्मभूमि विवाद का निर्णय नहीं हो जाता अथवा हमें राम जन्मभूमि प्राप्त नहीं हो जाती, तब तक प्रत्येक हिंदू का यह कर्तव्य होगा कि चार इष्टिकाओं को अयोध्या ले जाकर वेदोक्त इष्टिका न्यास पूजन करें.'

साथ ही साधू-संतों ने धर्मादेश में कहा, 'न्यायपालिका की शीघ्र निर्णय की अपेक्षा धूमिल होते देख हमने विधायिका से अपेक्षा की और 27 नवंबर, 2018 को परम धर्मादेश जारी करते हुए भारत सरकार एवं भारत की संसद से अनुरोध किया था कि वे संविधान के अनुच्छेद 133 एवं 137 में अनुच्छेद 226 (3) के अनुसार एक नई कंडिका को संविधान संशोधन के माध्यम से प्रविष्ट कर उच्चतम न्यायालय को 4 सप्ताह में राम जन्मभूमि विवाद के निस्तारण के लिए बाध्य करे.'

Tuesday, January 22, 2019

आपकी पर्सनालिटी आपके 5 दोस्तों का एवरेज है, उन्हें चतुराई से चुनें

व्यवसायी और मोटिवेशनल गुरु जिम रोन ने एक बार कहा था, 'आप उन पांच लोगों के ऐवरेज हैं, जिनके साथ आप अपना ज़्यादा से ज़्यादा वक्त बिताते हैं.' यह सेल्फ हेल्प में सबसे ज़्यादा माने-जाने वाले विचारों में से एक है. ये ज़रूरी नहीं है कि 5 ही लोग होने चाहिए. ध्यान देने वाली बात यह है कि आपके जीवन पर सबसे अधिक प्रभाव लगातार आपके आसपास रहने वाले लोगों का ही पड़ता है. अब निश्चित रूप से 5 सही लोगों को ढूंढना आसान तो है नहीं, लेकिन आप उन साथियों और सहकर्मियों की खोज कर सकते हैं जिनका जीवन वैसा हो जैसे आप बिताना चाहते हैं.

आपके करीबी दोस्तों के ग्रुप में इन 5 प्रकार के लोगों को निश्चित रूप से होना चाहिए.

जो फाइनेंसियल प्लानिंग करता हो:

इंवेस्टमेंट और बचत की आवश्यकता को समझने वाले स्मार्ट होते हैं, वे लोग आगे की सोचते हैं और भविष्य की प्लानिंग करते हैं. वे सिर्फ मुश्किल समय को ध्यान में रखते हुए ही नहीं, बल्कि अपने परिवार की ज़रूरतें पूरी करने के लिए भी इंवेस्टमेंट करते हैं. आपकी धन सुरक्षा के लिए आपके जीवन में ऐसे लोगों का होना फायदेमंद होगा. वे लाइफ इंश्योरेंस में इंवेस्टमेंट करने के लिए आपको प्रभावित कर सकते हैं, जो न केवल आपके टैक्स को बचाने में आपकी मदद करता है, बल्कि आपको धन की चिंता से भी मुक्त करता है.

जो फिटनेस पर ध्यान देने वाला हो:

आपका शरीर वास्तव में एक मंदिर होता है, एक ऐसा दोस्त होना ज़रूरी है जो अपने डाइट और व्यायाम से खुद का ख्याल रखता हो और आपको वैसा ही करने के लिए प्रभावित करता हो. यह हो सकता है कि उनके पास एक अच्छा हेल्थ इंश्योरेंस प्लान भी हो- HDFC Life जैसा एक प्लान, जो क्रिटिकल इलनेस, सर्जरी और अस्पताल में भर्ती होने के लिए एक कम्प्रेहैन्सिव कवर प्रदान करता हो, और आपकी इनकम एवं बचत को भारी मेडिकल खर्चों से बचाता हो.

जिसे मेडिटेशन की आदत हों:

मेडिटेशन के फायदे बहुत हैं. एक ऐसा दोस्त जो रोज़ मेडिटेशन करता हो, वह मेडिटेशन शुरू करने के लिए एक बढ़िया साथी होगा, और उसका आप और आपके जीवन पर एक शांत प्रभाव पड़ेगा.

जो रियलिस्टिक लक्ष्य निर्धारित करता हो:

हम एक ऐसे व्यक्ति के बारे में बात कर रहे हैं जो लक्ष्य निर्धारित करता है और उस लक्ष्य को हासिल करता है. वह नहीं, जो नए साल के दूसरे दिन ही अपने नए साल पर किए कमिटमेंट को भूल जाता है. किसी ऐसे व्यक्ति को खोजें जो रियलिस्टिक गोल्स रखता हो, जैसे हर महीने 1 किलो वजन कम करना, या हर दिन एक पुस्तक के 10 पेज को पढ़ना या अच्छी तरह से अपनी रिटायरमेंट की प्लानिंग करना.

क्योंकि जब आप रिटाइर हो जाएंगे तब क्या आप वित्तीय सुरक्षा नहीं चाहेंगे? ये सुरक्षा आपको सिर्फ रिटायरमेंट के बाद पर्याप्त नियमित आय के साथ मिलती है, जो उस रिटायरमेंट प्लान से आएगी, जिसमें आपने नौकरी रहते इंवेस्ट किया था.

जो जीवन से प्यार करता हो:

निराशा किसी भी चीज़ से बड़ी होती है. एक भी निराश दोस्त आपको शिकायत और आलस के चंगुल में डाल सकता है. अपने जीवन का पूरा आनंद लेने के लिए व्यक्ति को अच्छी आदतों को अपनाने की आवश्यकता होती है. एक दोस्त जो जीवन को प्यार करता है, वह टर्म इंश्योरेंस में भी इंवेस्टमेंट करता होगा ताकि वह कठिन समय में भी अच्छी ज़िन्दगी जी सकें. ऐसा व्यक्ति आपके फ्रेंड सर्किल के लिए बहुत जरूरी है.

ज़रूरी नहीं कि आप यह 5 प्रकार के लोग एक ही वक्त रखें. ऐसे किसी एक दोस्त के साथ भी समय बिताना आपके लिए फायदेमंद है. आपके दोस्तों का आप पर बहुत बड़ा प्रभाव पड़ता है, जो आपको आप बनाता है और ये तय करता है कि आप जीवन में कौन बनेंगे? इसलिए अपने दोस्तों को बुद्धिमानी से चुनना जरूरी है.

Thursday, January 10, 2019

गठबंधन से पहले ही RLD के 'सिक्सर' पर अटकी बात, क्या मानेंगे अखिलेश-मायावती?

लोकसभा चुनाव के नजदीक आते ही राजनीतिक दल अपनी रणनीति बनाने में जुट गए हैं. उत्तर प्रदेश में समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी के मुखिया शनिवार को साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस कर गठबंधन का औपचारिक ऐलान कर सकते हैं. इस गठबंधन में राष्ट्रीय लोकदल के शामिल होने की संभावनाओं पर पार्टी प्रमुख अजित सिंह का कहना है कि अभी सीटों को लेकर उनकी कोई बात नहीं हुई है, लेकिन हम महागठबंधन में शामिल हैं.

शुक्रवार को मीडिया से बात करते हुए उन्होंने कहा कि हम महागठबंधन में शामिल हैं, लेकिन सीटों पर कोई बात नहीं हुई है. अजित सिंह ने कहा कि मायावती और अखिलेश यादव की साझा प्रेस कॉन्फ्रेंस के बारे में कोई जानकारी नहीं है. सम्मानजनक सीटों के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि वह अगर-मगर की बात नहीं करना चाहते हैं.

क्या कांग्रेस महागठबंधन में शामिल होगी, इस सवाल पर रालोद नेता अजित सिंह ने कहा कि उत्तर प्रदेश में मायावती और अखिलेश यादव बड़ी पार्टियां हैं, इसलिए इसका फैसला भी वही करेंगे.

आपको बता दें कि अजित सिंह का ये बयान तब सामने आया है जब रालोद का सीटों को लेकर पेच फंसता दिख रहा है. सूत्रों की मानें तो समाजवादी पार्टी और बहुजन समाज पार्टी गठबंधन में अजित सिंह की पार्टी को तीन सीटंय देना चाहते हैं जबकि रालोद 5 सीटें लेने पर अड़ी है. इसी को लेकर पेच फंसता दिखाई दे रहा है.

प्रदेश अध्यक्ष बोले- 6 सीटों पर लड़ना चाहते हैं

अजित सिंह के बयान से इतर यूपी रालोद के प्रदेश अध्यक्ष मसूद अहमद का कहना है कि हमने 6 सीटों की मांग की है. हालांकि, उन्होंने कहा कि अभी बातचीत हो रही है इसलिए सीटों की संख्या बढ़-घट भी सकती है. गठबंधन पर अनौपचारिक बैठक हुई है, हमें विश्वास है कि सम्मानजनक सीटें मिलेंगी. मायावती-अखिलेश यादव की प्रेस कॉन्फ्रेंस के बारे में उन्होंने कहा कि शनिवार की पीसी में अभी काफी समय है, शायद हम शाम को भी बुलाए जा सकते हैं.

शनिवार को मायावती और अखिलेश यादव लखनऊ में साझा प्रेस वार्ता करेंगे, जिसमें उत्तर प्रदेश में महागठबंधन पर मुहर लग सकती है. दोनों नेता इस दौरान सीट बंटवारे का भी ऐलान कर सकते हैं.

सूत्रों की मानें तो जो फॉर्मूला तैयार हुआ है, उसके मुताबिक समाजवादी पार्टी 35 सीट, बसपा 36 सीट और राष्ट्रीय लोकदल 3 सीट पर चुनाव लड़ेगी. वहीं 4 सीट रिजर्व रखी जाएंगी. इसके अलावा गठबंधन अमेठी और रायबरेली में अपना उम्मीदवार नहीं उतारेगा.

Friday, January 4, 2019

Google के Project Soli को हरी झंडी, बिन छुए चलाए जा सकेंगे स्मार्ट डिवाइस

कीपैड के बाद आया टच स्क्रीन, लेकिन अब आगे क्या? गूगल एक ऐसी टेक्नॉलजी पर काम कर रही है जिससे स्मार्ट डिवाइस को बिना टच किए ही चला सकते हैं. हम यहां वॉयस कंट्रोल की बात नहीं कर रहे हैं, क्योंकि वॉयस कंट्रोल अभी भी है. गूगल Project Soli पर काम कर रहा है और अब इसे फेडरल अप्रूवल मिल गया है. इस रेडार प्रोजेक्ट पर गूगल 2015 से काम कर रही है.

इस प्रोजक्ट पर गूगल काफी समय से काम कर रही है. इसके तहत कंपनी का टार्गेट ये है कि बिना स्क्रीन को टच किए हुए चुटकी बजा कर डिवाइस को ऑपरेट किया जा सकेगा. जैसा आपने साइंस फिक्शन फिल्मों में देखा होगा बिना स्क्रीन टच किए काम किए जाते हैं. इसका बेहतरीन उदाहरण हॉलीवुड फिल्म आयरनमैन के गैजेट्स हैं.

इस टेक्नॉलजी के तहत आप स्पीकर के पास चुटकी बजा कर इसे स्टार्ट कर सकते हैं, म्यूजिक ऑन कर सकते हैं, इसे ऑफ कर सकते हैं या फिर स्मार्ट वॉच ऑपरेट कर सकते हैं. इसके लिए स्पीकर में रेडार सेंसर लगाया जाएगा.

कंपनी इसका शुरुआती प्रोटोटाइप भी लाई थी, लेकिन सफल नहीं हो पाया और हर तरह के मोशन डिटेक्ट करने में फेल हो गया. ऐसा इसलिए हुआ क्योंकि इस टेक्नॉलजी को यूज करने में पेंच है. रेडार बेस्ड मोशन सेंसर को हाई लेवल पर यूज करने में फेसबुक को आपत्ति थी और उसका कहना था कि इससे मौजूदा टेक्नॉलजी प्रभावित होगी, इसलिए गूगल को तब अप्रूवल नहीं मिला. हालांकि बाद में दोनों कंपनियों ने मिलकर बातचीत की और रास्ता निकाला. गूगल कम पावर लेवल पर इसे यूज करने के लिए मान गई और इसके बदले में फेसबुक ने गूगल के लिए वेवर का विरोध नहीं किया.

अब गूगल फेडरल कम्यूनिकेशन कमिशन से रेडार बेस्ड मोशन सेंसर टेक्नॉलजी यूज करने की इजाजत मिल गई है जिसे गूगल
गूगल के मुताबिक इस सेंसर के जरिए यूजर अपने थंब और इंडेक्स फिंगर के बिच न दिखने वाले बटन प्रेस कर सकेंगे जिसे वर्चुअल डायल कहा जाएगा. चुटकी बचाने पर ये ऑन हो जाएगा. गूगल की वेबसाइट पर एक वीडियो है जिसमें ये दिखाया गया है. गूगल का कहना है कि यूजर स्मार्ट वॉच, म्यूजिक स्क्रॉल या फिर इसे यूज करते हुए वॉल्यूम ऐडजस्ट कर सकता है.

गूगल ने कहा है कि ये रेडार सिग्नल फैबरिक्स के अंदर भी जा सकता है इस वजह से अगर आपका हाथ जेब में है फिर भी इसे कंट्रोल कर सकेंगे. कंपनी ने ये भी कहा है, ‘हालांकि ये कंट्रोल वर्चुअल हैं, लेकिन इसके साथ इंटरऐक्शन फिजिकल की तरह ही लगेगा और वैसा ही रेस्पॉन्सिव भी होगा. आपको ठीक वैसे ही फील होगा जैसे हेप्टिक सेंसेशन से होता है.’

कुल मिला कर बात ये है कि ये टेक्नॉलजी टच स्क्रीन को रिप्लेस करने की क्षमता रखती है, लेकिन यह अभी शुरुआती दौर में है और इसमें अभी काफी समय लग सकता है.

不得隐瞒疫情!针对非洲猪瘟官方发公告连提“十不”

  中新网3月27日电 据农业农村部网站消息 为了遏制新冠病毒的传播, 色情性&肛交集合 意大利北部疫情最严重的 色情性&肛交集合 伦巴第大区(Lombardy) 色情性&肛交集合 采取了更严 色情性&肛交集合 格的防控措施。 据意大利星期六(3月21日) 色情性&肛交集合...